मक्का खरीद में पारदर्शिता और भूमाफियाओं पर कार्रवाई की मांग ।
कासगंज। जिले की विभिन्न समस्याओं को लेकर किसानों ने प्रशासन का ध्यान आकृष्ट किया है। किसानों ने जिलाधिकारी के माध्यम से उपजिलाधिकारी सदर को ज्ञापन सौंपकर अवैध खनन, खाद की कालाबाजारी, सिंचाई, बिजली और सरकारी भूमि पर कब्जों सहित कई मुद्दों पर प्रभावी कार्रवाई की मांग की है।
ज्ञापन में कहा गया कि सुल्तानपुर और चंदवा क्षेत्र में अवैध बालू और मिट्टी खनन धड़ल्ले से किया जा रहा है। आरोप लगाया गया कि ट्रकों और ट्रैक्टरों से क्षमता से अधिक खनिज सामग्री का परिवहन किया जाता है, जबकि कम मात्रा की पर्चियां दिखाकर नियमों को दरकिनार किया जा रहा है। किसानों ने ऐसे मामलों की जांच कर कठोर कार्रवाई की मांग की है।
किसानों ने यह भी मांग उठाई कि तहसीलों में दिए जाने वाले प्रार्थना पत्रों का एक सप्ताह के भीतर निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। बिजली विभाग पर किसानों की जमीनों पर बिना अनुमति खंभे लगाने और लाइन शिफ्टिंग के नाम पर भारी भरकम एस्टीमेट थोपने का आरोप लगाते हुए कहा गया कि गरीब किसानों को राहत देते हुए ऐसे मामलों में निशुल्क व्यवस्था की जानी चाहिए।
ज्ञापन में आवारा गौवंश की समस्या को भी प्रमुखता से उठाया गया। किसानों का कहना है कि सड़कों और खेतों में घूम रहे गौवंश के कारण आए दिन हादसे हो रहे हैं तथा फसलों को भी नुकसान पहुंच रहा है। उन्होंने ग्राम पंचायतों और नगर निकायों के माध्यम से गौवंश को सुरक्षित गौशालाओं में पहुंचाने की मांग की।
इसके अलावा किसानों ने यूरिया और डीएपी खाद की समय से उपलब्धता सुनिश्चित कराने, कालाबाजारी करने वाले विक्रेताओं के खिलाफ जांच कर कठोर कार्रवाई करने तथा दोषी पाए जाने पर उन्हें ब्लैकलिस्ट करने की मांग की। सिंचाई व्यवस्था को लेकर कहा गया कि नहरों और नालों में समय पर पानी नहीं पहुंचने से फसलें प्रभावित होती हैं, इसलिए सिंचाई विभाग को नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित करनी चाहिए।
किसानों ने सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा करने वाले भूमाफियाओं के खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई करने तथा आगामी मक्का खरीद में पूरी पारदर्शिता बरतते हुए सीधे किसानों से खरीद सुनिश्चित करने की भी मांग प्रशासन से की है। किसानों ने उम्मीद जताई कि उनकी समस्याओं पर शीघ्र प्रभावी कार्रवाई की जाएगी।
रिपोर्ट जीतेश राजपूत
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